-->

सबसे अच्छी कोरोना इन्शुरन्स पालिसी लेने के लिए इन बातो को जान ले नहीं तो बाद मे पडेगा पछताना

Last Updated :11:45 AM 

मुंबई :देश मे कोरोना संक्रमण के मामले हर समय बढ़ते जा रहे है और इस अभी तक इसपर कोई ठोस इलाज नहीं हो रहा है। हलाकि इस समय लोगो को इस महामारी से बचने के लिए मास्क और सैनिटाइज़र ही बड़े हथियार है कोरोना महामारी से बचने का यही एक इलाज है। इसके आलावा आप आपके लिए कोरोना इन्शुरन्स खरीद कर खुद के इलाज के लिए सुरक्षित कर सकते है। 

IRDAI ने अप्रैल मे सभी बिमा कम्पनी वो कोरोना महामारी के लिए अलग इन्शुरन्स पालिसी को जारी करने के निर्देश दिए थे। जिसे कोरोना कवच और कोरोना रक्षक पालिसी के नाम से लाने को कहा गया था इसके जरिये बिमा धारक को कोरोना पॉजिटिव पाए जाने पर बुनियदी इलाज का कवर मिलेगा। हलाकि IRDAI ने सभी बिमा कंपनियों को पालिसी का नाम एक ही रखने के निर्देश दिए है लेकिन पालिसी मे प्रीमियम अलग अलग है इस लिए अगर आप कोरोना बिमा पालिसी खरीदने की सोच रहे है तो आपको पालिसी खरीदने से पहले कुछ बातो को ध्यान मे रखना चाहिये जिससे आपको पालिसी खरीदना आसान होगा।

कोरोना बिमा पालिसी खरीदने के पहले इन बातो का रक्खे ध्यान :


1 कैशलेस क्लेम सुविधा :


  • कोरोना बिमा पालिसी खरीदते समय कैशलेस फैसिलिटी देने वाले बिमा कंपनी और प्लान का चुनना अधिक लाभदायक हो सकता है। 
  • हलाकि यह सुविधा सिर्फ बिमा कंपनी के नेटवर्क अस्पताल मे ही दी जाती है। 
  • इसके लिए आपको सबसे पहले नेटवर्क अस्पतालों को लिस्ट देखनी चाहिए और आपके नजदीक का अस्पताल है या नहीं देखना चाहिए जिसे कैशलेस क्लेम पाना आसान होगा। 

2 पालिसी की कवरेज राशि और प्रीमियम :

  • आपको पॉलिसी खरीदते समय सबसे पहले कवरेज की राशि और उसका प्रीमियम देखना चाहिए। 
  • कोरोना पॉजिटिव पाए जाने के बाद अस्पताल मे कम से कम खर्चा 5 लाख तक का हो सकता है ऐसे मे 5 लाख तक की कवरेज राशि चुनना फायदेमं होगा। 
  • इसके बाद अलग अलग बिमा कंपनी के प्लान के प्रीमियम सही प्रीमियम और कवरेज राशि वाली पालिसी लेनी चाहिए। 

3 पालिसी का अवधि :

  • कोरोना कवच और रक्षक पालिसी का अवधि 3.5 महीने 6.5 महीना और 9.5 महीने के समय के लिए उप्लाभ्दा है। 
  • ऐसे मे आपको आपके जरुरत के हिसाब से पालिसी की अवधि चुननी चाहिए। 

4 वेटिंग समय :

  • पालिसी लेने के बाद उसके तहत इलाज और क्लेम पाने के लिए आपको कुछ समय रुकना पड़ता है उसे वेटिंग समय कहा जाता है। 
  • इस तरह के पालिसी का वेटिंग समय आमतौर पर 15 दिन का होता है। 
  • लेकिन आपको कम वेटिंग समय वाला प्लान चुनना अच्छा साबित हो सकता है। 

5 अस्पताल मे भर्ती होने के बाद और पहले का खर्चा :

  • पॉलिसी खरीदते समय ये भी देखना चाहिए की पालिसी मे अस्पताल के पहले 15 दिन और और बाद के 30 दिन का खर्चा कवर है या नहीं। 
  • ज्यादातर बिमा पालिसी मे आपको ये सुविधा मिलती है और आपको इस तरह के ही बिमा प्लान को लेना चाहिए। 

6 फॅमिली फ्लोटर या फिर खुद के लिए पॉलिसी :

  • आपको बता दे की कोरोना कवच पालिसी एक फॅमिली फ्लोटर के  प्लान के तरह आती है आप आपके साथ फॅमिलि को भी कवर का सकते है। 
  • इसी समय कोरोना रक्षक प्लान आप खुद के लिए ले सकते है जिसमे आपके इलाज का कवर शामिल है। 
  • आपको इन दोनों विकल्प मे से एक को चुनानं होगा। 

7  क्लेम सेटलमेंट की प्रोसेस :

  • पालिसी लेते समय बिमा कंपनी के क्लेम सेटलमेंट प्रोसेस को समझाना चाहिए। 
  • इससे आपको पालिसी के क्लेम आवेदन करने मे आसानी होती है। 
  • इस समय आप ग्राहकको के रिव्यु पढ़ सकते है की बिमा कंपनी पालिसी का क्लेम देने मे कितना समय लगाती है। 
इस तरह से पालिसी को चुनते वक़्त आपको अलग अलग बिमा कंपनी के प्लान को देखकर उनमेसे सबसे अच्छी बिमा पालिसी लेने मे मदत मिलेगी और आपको ज्यादा से ज्यादा लाभ मिल सकेगा। 

टिप्पणी पोस्ट करें

0 टिप्पणियां