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मिरे एसेट ने भारत में पहली बार दो पैसिव NYSE FANG+ फंड्स लॉन्च किए

 ये हैं- मिरे एसेट NYSE FANG + ETF (ईटीएफ) औरमिरे एसेट NYSE FANG + ETF Fund of Fund (फंड ऑफ फंड) दोनों के न्यू फंड ऑफर यानी NFO 19 अप्रैल को खुलेंगे, ईटीएफ के लिए यह 30 अप्रैल 2021 को बंद होगा. फंड ऑफ फंड के लिए यह 3 मई 2021 को बंद होगा.



देश में इक्विटी और डेट सेगमेंट, दोनों में सबसे तेज गति से बढ़ते फंड हाउस में से एक मिरे एसेट इनवेस्टमेंट मैनेजर्स इंडिया ने आज देश के पहले FANG+ आधारित प्रोडक्ट्स की लांचिंग का ऐलान किया. पहला प्रोडक्ट है- मिरे एसेट NYSE  FANG+ ETF’ यह एक ओपन-एंडेड स्कीम है, जो NYSE FANG+ Total Return Index को दर्शाता है या फिर इसकी ट्रैकिंग करता है. दूसरा प्रोडक्ट है- मिरे एसेट NYSE FANG+ETF Fund of Fund. ये ओपन एंडेड फंड ऑफ फंड स्कीम है, जो मुख्य तौर पर Mirae Asset NYSE FANG+ETF में निवेश करता है.

दोनों फंड के लिए सब्सक्रिप्शन 19 अप्रैल 2021 को खुलेगा. FANG+ETF का सब्सक्रिप्शन 30 अप्रैल, 2021 को बंद होगा. जबकि FANG+ETF फंड ऑफ फंड का सब्सक्रिप्शन 3 मई 2021 को बंद होगा.

मिरे एसेट NYSE FANG+ ETF का प्रबंधन श्री सिद्धार्थ श्रीवास्तव करेंगे जबकि मिरे एसेट Mirae Asset NYSE FANG+ ETF फंड ऑफ फंड का प्रबंधन सुश्री एकता गाला करेंगी. ‘मिरे एसेट NYSE FANG+ ETF फंड ऑफ फंड निवेशकों को रेगुलर प्लान और डायरेक्ट प्लान विद ग्रोथ प्लान के ऑप्शन भी देगा.

प्रमुख बातें

NYSE FANG+ Index  एक समान वेटेड (equal weighted Index ) इंडेक्स है जो इस तरह डिजाइन किया गया है कि टेक्नोलॉजी और कंज्यूमर डिस्क्रिएशनरी सेक्टर का प्रतिनिधित्व करे. इसमें बहुत ज्यादा ट्रेड होने वाले ग्रोथ स्टॉक होते हैं.

NYSE FANG+ Index  भारतीय निवेशकों को ग्लोबल इनोवेशन लीडर्स जैसे फेसबुक, एमजॉन, एप्पल, नेटफ्लिक्स, अल्फाबेट (गूगल), टेस्ला, ट्विटर वगैरह में एक्सपोजर देता है.

 ये सेक्टर और कंपनियां लॉन्ग टर्म मेगा ट्रेंड को दर्शाती हैं. इनमें अर्थव्यवस्थाओं, कारोबार और समाज को बदलने की ताकत होती है. बोस्टन कंस्लटेंसी ग्रुप के मुताबिक न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज यानी NYSE FANG+Index में शामिल दस में सात कंपनियों  ने 2020  की 50 शीर्ष कंपनियों में जगह बनाई है. इनमें से चार लगातार इनोवेशन करने वाली कंपनिया हैं. ( ये कंपनियां दस से अधिक बार टॉप 50 कंपनियों की सूची में शामिल हो चुकी हैं)

  FANG+ कंपनियों की कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन 7.7 ट्रिलियन डॉलर की है. उनका रेवेन्यू भारत सरकार के वित्त वर्ष 2019-20 के रेवेन्यू का तीन गुना है. उनकी कैश होल्डिंग 500 अरब डॉलर की है, जो भारत के कुल विदेशी मुद्रा भंडार का 85 फीसदी है . इनकी शुद्ध आय 179 अरब डॉलर है, जो सारे भारतीय शेयरों की कुल कमाई से भी ज्यादा है.

  FANG + इंडेक्स में निवेश करने से निवेशकों को भारतीय निवेशकों को रुपये के अवमूल्यन का फायदा मिलेगा.

मिरे एसेट इनवेस्टमेंट मैनेजर्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड के सीईओ स्वरूप मोहंती ने कहा, “  दुनिया में काफी कम ग्लोबल कंपनियां ऐसी हैं, जो सिर्फ भविष्य के मेगा ट्रेंड को ही फॉलो नहीं करते बल्कि अपने निवेश से लगतार बदलाव लाती हैं. इन कंपनियों ने न सिर्फ हमारे समाज का स्वरूप बदला है बल्कि ये अपने निवेशकों को कई सालों से अच्छा निवेश भी मुहैया कराती आ रही हैं. निवेशक मिरे एसेट  FANG+ ETF’, और मिरे एसेट NYSE FANG + ETF फंड ऑफ फंड के जरिये ग्लोबल ग्रोथ स्टोरी में भागीदार बन सकते हैं. इसके साथ ही उन्हें यह भी अहसास होगा कि वे भी दुनिया के इस परिवर्तन के भागीदार हैं.”

मिरे एसेट NYSE FANG+ ETF के फंड मैनेजर सिद्धार्थ श्रीवास्तव ने कहा, “मिरे एसेट NYSE FANG+ ETF और मिरे एसेट NYSE FANG+ ETF फंड ऑफ फंड निवेशकों को कई मेगाट्रेंड के मामले में अग्रणी मोर्चे पर रही दस हाई ग्रोथ टेक्नोलॉजी कंपनियों में केंद्रित और समान वेटेड (equal weighted) एक्सपोजर का विकल्प देगा. ये कंपनी अपने-अपने क्षेत्र में सबसे आगे हैं और हम जिस दुनिया में रहते हैं उसमें लोगों की रोजमर्रा के जीवन को  अपने इनोवेशन से बदल रही हैं. इन दोनों पेशकश के जरिये निवेश ग्लोबल मार्केट का कम लागत पर ही एक्सपोजर ले सकते हैं और इन कंपनियों की ग्रोथ स्टोरी में भागीदार बन सकते हैं.”

पिछले पांच साल में NYSE FANG+ index ने NASADQ 100 index and NIFTY 50 index को काफी हद तक पछाड़ा है. रिस्क प्रोफाइल के हिसाब से इसने काफी अच्छा रिटर्न दिया है.

एनएफओ के दौरान दोनों स्कीमों में शुरुआती न्यूनतम निवेश 5000 रुपये और बाद में एक रुपये के मल्टीपल के तौर पर है.

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